
असम में मानसून के बाद वन्यजीव पर्यटन का नया सीजन शुरू होने जा रहा है। राज्य का प्रसिद्ध मानस नेशनल पार्क 2 अक्टूबर से पर्यटकों के लिए फिर खोल दिया जाएगा। इसके अगले दिन यानी 3 अक्टूबर को काजीरंगा नेशनल पार्क में भी पर्यटकों की आवाजाही शुरू होगी। वहीं, पोबितोरा वन्यजीव अभयारण्य 13 अक्टूबर से खुलेगा। अधिकारियों के अनुसार, इन प्रमुख वन क्षेत्रों के दोबारा खुलने से राज्य में वाइल्डलाइफ और नेचर टूरिज्म को गति मिलने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) ने गुरुवार को सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए इन तारीखों की जानकारी दी। इसके मुताबिक, मानस नेशनल पार्क 2 अक्टूबर, काजीरंगा नेशनल पार्क 3 अक्टूबर और पोबितोरा वन्यजीव अभयारण्य 13 अक्टूबर से आगंतुकों के लिए उपलब्ध होंगे। मानसून के दौरान भारी बारिश और मौसम की परिस्थितियों को देखते हुए असम के कई वन क्षेत्रों में पर्यटन गतिविधियां सीमित रहती हैं। मौसम में सुधार के साथ अब नए पर्यटन सत्र की तैयारियां तेज कर दी गई हैं।
राज्य के पर्यावरण एवं वन मंत्री जयंत मल्ल बरुआ ने भी पर्यटकों का स्वागत करते हुए कहा कि मानसून का दौर समाप्त होने के साथ असम अपने प्रमुख वन्यजीव स्थलों पर पर्यटकों की वापसी के लिए तैयार है। उन्होंने देश और विदेश से आने वाले वन्यजीव प्रेमियों, प्रकृति प्रेमियों और यात्रियों को राज्य की जैव विविधता देखने के लिए आमंत्रित किया।
असम अपने समृद्ध वन्यजीव और प्राकृतिक संसाधनों के कारण देश के प्रमुख इको-टूरिज्म केंद्रों में शामिल है। मानस, काजीरंगा और पोबितोरा जैसे संरक्षित क्षेत्र राज्य के पर्यटन परिदृश्य में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इन क्षेत्रों में अलग-अलग प्रकार के वन्यजीव, पक्षी और प्राकृतिक आवास पर्यटकों के आकर्षण का प्रमुख कारण हैं।
काजीरंगा नेशनल पार्क विशेष रूप से अपने एक सींग वाले भारतीय गैंडे के लिए जाना जाता है। दूसरी ओर, मानस नेशनल पार्क अपनी जैव विविधता और वन्यजीवों की विभिन्न प्रजातियों के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है। पोबितोरा वन्यजीव अभयारण्य भी असम के प्रमुख वन्यजीव पर्यटन स्थलों में शामिल है।
राज्य सरकार के अनुसार, पार्कों और अभयारण्यों को दोबारा खोलने से पहले वन विभाग की टीमें आवश्यक तैयारियों में जुटी हैं। पर्यटकों की आवाजाही के लिए संबंधित व्यवस्थाओं की समीक्षा की जा रही है, ताकि नए सीजन के दौरान वन क्षेत्रों में पर्यटन गतिविधियां व्यवस्थित तरीके से संचालित की जा सकें।
पर्यटन सीजन की शुरुआत ऐसे समय हो रही है जब मानसून के बाद असम के प्राकृतिक इलाकों में हरियाली और जल स्रोतों की स्थिति पर्यटकों के लिए विशेष आकर्षण पैदा करती है। हालांकि, अलग-अलग संरक्षित क्षेत्रों में प्रवेश, सफारी और अन्य गतिविधियों से जुड़े नियम स्थानीय वन विभाग के दिशा-निर्देशों के अनुसार लागू होंगे।
मुख्यमंत्री कार्यालय ने कहा कि मानस, काजीरंगा और पोबितोरा के चरणबद्ध तरीके से खुलने के साथ असम अपने प्राकृतिक स्थलों पर आगंतुकों का स्वागत करने के लिए तैयार है। वन विभाग की टीमें भी नए पर्यटन सत्र के लिए तैयारियां कर रही हैं।
असम में वन्यजीव पर्यटन के लिहाज से अक्टूबर से शुरू होने वाला यह दौर महत्वपूर्ण माना जाता है। तीन प्रमुख वन्यजीव स्थलों के अलग-अलग तारीखों पर खुलने से पर्यटकों को राज्य की प्राकृतिक संपदा और जैव विविधता का अनुभव करने के नए अवसर मिलेंगे।




