
विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर आज से भूटान की दो दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर जाएंगे। इस दौरान वह भूटान के विदेश मंत्री ल्योनपो डी.एन. धुंग्येल के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। विदेश मंत्रालय के अनुसार, यात्रा का उद्देश्य दोनों देशों के बीच लंबे समय से चले आ रहे मैत्री और सहयोग के संबंधों को और मजबूत करना है।
जयशंकर अपने दौरे के दौरान भूटान के प्रधानमंत्री से भी मुलाकात करेंगे। इसके अलावा उन्हें भूटान नरेश से शाही मुलाकात का अवसर मिलेगा। यात्रा के कार्यक्रम में दोनों देशों के बीच विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग और आपसी संबंधों से जुड़े मुद्दों पर बातचीत शामिल है।
नियमित उच्चस्तरीय संपर्क की परंपरा
विदेश मंत्रालय ने कहा कि जयशंकर की भूटान यात्रा भारत और भूटान के बीच नियमित उच्चस्तरीय आदान-प्रदान की परंपरा के अनुरूप है। दोनों देशों के बीच लंबे समय से करीबी मित्रता और सहयोग के संबंध रहे हैं।
द्विपक्षीय वार्ता के दौरान आपसी हित से जुड़े विषयों पर विचार-विमर्श होने की संभावना है। हालांकि, मंत्रालय की ओर से बातचीत के विस्तृत एजेंडे की जानकारी साझा नहीं की गई है।
भारत और भूटान के बीच उच्चस्तरीय यात्राओं और नियमित संपर्क के जरिए द्विपक्षीय सहयोग को आगे बढ़ाने की प्रक्रिया जारी रहती है। जयशंकर की यह यात्रा भी इसी संवाद व्यवस्था का हिस्सा है।
भूटान के शीर्ष नेतृत्व से करेंगे मुलाकात
दौरे में जयशंकर की भूटान के विदेश मंत्री के साथ औपचारिक बातचीत के अलावा प्रधानमंत्री और भूटान नरेश के साथ मुलाकातें भी निर्धारित हैं। इन बैठकों में दोनों देशों के बीच मौजूदा सहयोग और भविष्य के संबंधों से जुड़े विषयों पर चर्चा हो सकती है।
विदेश मंत्रालय के मुताबिक, यह यात्रा भारत और भूटान के बीच मित्रता तथा सहयोग को आगे बढ़ाने के लिए उच्चस्तरीय संपर्क बनाए रखने की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।




