
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई दिल्ली में आयोजित BRICS शिखर सम्मेलन के दौरान वियतनाम के प्रधानमंत्री ले मिन्ह हंग से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों में हुई प्रगति की समीक्षा की और आपसी हितों से जुड़े क्षेत्रीय तथा वैश्विक मुद्दों पर विचार साझा किए।
प्रधानमंत्री मोदी ने BRICS सम्मेलन में वियतनाम की पार्टनर देश के रूप में भागीदारी का स्वागत किया। बैठक में भारत और वियतनाम के बीच संबंधों को और मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई गई।
दोनों देशों के रिश्तों को मई 2026 में वियतनाम के कम्युनिस्ट पार्टी के महासचिव और राष्ट्रपति तो लाम की भारत यात्रा के दौरान Enhanced Comprehensive Strategic Partnership के स्तर तक बढ़ाया गया था। मौजूदा बैठक में नेताओं ने इस साझेदारी के तहत आगे हुई प्रगति पर चर्चा की।
बातचीत के दौरान क्षेत्रीय और वैश्विक परिस्थितियों से जुड़े ऐसे विषयों पर भी विचारों का आदान-प्रदान हुआ, जिनमें दोनों देशों की साझा रुचि है। दोनों पक्षों ने भारत-वियतनाम साझेदारी को आगे बढ़ाने की दिशा में मिलकर काम करने की प्रतिबद्धता जताई।
भारत और वियतनाम के संबंध लंबे समय से चली आ रही मित्रता, साझा सभ्यतागत विरासत और आपसी विश्वास पर आधारित हैं। दोनों देशों के बीच राजनीतिक, आर्थिक और रणनीतिक सहयोग को लगातार विस्तार मिला है।
वियतनाम भारत की Act East Policy में महत्वपूर्ण स्थान रखता है। दक्षिण-पूर्व एशिया के साथ भारत के व्यापक जुड़ाव में भी वह एक प्रमुख साझेदार है। ऐसे में दोनों प्रधानमंत्रियों की बैठक क्षेत्रीय सहयोग और द्विपक्षीय संबंधों को आगे बढ़ाने के लिहाज से महत्वपूर्ण रही।
BRICS के मंच पर वियतनाम की भागीदारी के दौरान हुई यह बातचीत भारत और वियतनाम के बीच उच्चस्तरीय संपर्क को भी रेखांकित करती है। दोनों देशों ने आपसी समझ और सहयोग को आगे बढ़ाने के साथ क्षेत्रीय एवं वैश्विक मुद्दों पर समन्वय मजबूत करने पर जोर दिया।
भारत की 2026 BRICS अध्यक्षता के दौरान नई दिल्ली में हो रही बैठकों में विभिन्न साझेदार देशों के साथ द्विपक्षीय संबंधों की समीक्षा भी प्रमुख एजेंडे का हिस्सा है।



