फ़रवरी 25, 2024

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राजनीति गुरु: गाजा के रफाह में IDF ने की भारी बमबारी, F-16 से दागी गई मिसाइल, जमीनी जंग की तैयारी तेज

राजनीति गुरु: गाजा के रफाह में IDF ने की भारी बमबारी, F-16 से दागी गई मिसाइल, जमीनी जंग की तैयारी तेज

शनिवार को इजरायली सेना के द्वारा रफाह में कई हवाई हमले किए गए, जिसमें कम से कम 13 लोगों की मौत हो गई है और कई लोग घायल हो गए हैं। यह हमला गज़ा के अबू हवाला इलाके पर भी दोहराया गया है, जहां इजरायली ने फाइटर प्लेन की मदद से बम गिराए थे, जिसमें 11 लोगों की मौत हो गई है और कई लोग घायल हो गए हैं। यह हमले काफी विवादों को समेटे हुए हैं और इससे इजरायल और फिलिस्तीनी ताकतों के बीच तनाव बढ़ गया है।

अबू हवाला इलाके में इजरायल द्वारा बम गिराने से पहले, रफाह में इजरायली सेना के द्वारा किए गए हमलों ने इस्लामिक जिहाद संगठन को जबरन बदलने का प्रयास किया था। हमलों में अभियन्ता अभागी हो रही थीं, जो फिलिस्तीनी बसों में चली जा रही थीं। यह हमला इजरायली सुरक्षा बलों की सख्तता को दिखा रहा है, जो फिलिस्तीनी संगठनों की गतिविधियों को रोकने का प्रयास कर रहा है।

इजरायली सेना के फाइटर प्लेन ने बम गिराने से पहले गजवही के अबू हवाला इलाके पर एक और बड़ा हमला किया था। यहां कई मुश्तियों के बीच होने वाली मारकर्षण तनावपूर्ण स्थिति में घटना हुई थी। इजरायल ने इस हमले के जरिए फिलिस्तीनी संगठनों को चुनौती दी थी और उन्हें उनकी गतिविधियों को सावधान करने का संकेत दिया था। हमले में धरती पर बरसे बम ने इस्लामिक जिहाद संगठन को ताकत और साहस का एहसास किया है।

यह हमला इजरायल और फिलिस्तीनी ताकतों के बीच मजबूती का कारक बन सकता है और इससे नया तनावपूर्ण संघर्ष मुद्दा उठ सकता है। दोनों तरफ के नेताओं ने इस हमले की आलोचना की है और इस परास्त वार्ता को संभालने की कोशिश की है। यह मान्यता होती है की इजरायल इस्लामिक जिहाद संगठन के उत्प्रेरक धारा को खत्म करने के लिए कठोर कार्रवाई कर रहा है। फिलिस्तीनी संगठनों ने भी इजरायल के हमले का जवाब दिया है और दोनों ही पक्षों के बीच हिम्मत की मुकाबला छिड़ी हुई है।

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शनिवार को इजरायली सेना द्वारा किए गए हमलों ने पश्चिमी तटीय इलाके में सत्तारुढ़ तनाव को पुनर्प्राप्त कर दिया है। इस हमले का प्रभाव देश की राजनीतिक गतिरोधों पर भी पड़ सकता है और इसे भारतीय सरकार को संभालना होगा। इजरायली सेना ने अपनी तनावपूर्ण कार्रवाई जारी रखी है और इसे नियंत्रित करने का हर संभव प्रयास कर रही है। अब हमें देखना होगा की कैसे इस हमले के बाद आगे की रणनीति अपनाए जाती है और कैसे इस मुद्दे पर विश्व समुदाय की प्रतिक्रिया होती है।