कांग्रेस नेता अपने ही प्रत्याशी की हार का कर रहे दावा

बिहार में कांग्रेस का आपसी खेमेबंदी अभी भी जारी है, पार्टी नेताओं का अपना डफली अपना राग है, कभी अध्यक्ष पद को लेकर खूब खींचतान हुआ तो अभी पार्टी द्वारा भभुआ से प्रत्याशी के चयन को लेकर हो रहा है। बिहार उपचुनाव में भभुआ से शंभू सिंह पटेल को टिकट देने के बाद एक बार फिर विवाद शुरू हो गया है। देखा जाय तो पार्टी के कई वरिष्ठ नेता चुनाव से पहले ही यह दावा कर रहे हैं कि कांग्रेस के प्रत्याशी शंभू सिंह पटेल नहीं जीतेंगे। कांग्रेस के दो नेताओं ने बुधवार को यह बयान दिया कि भभुआ सीट पर कांग्रेस आगामी चुनाव में जीतने नहीं जा रही है। वरिष्ठ कांग्रेसी नेता दिलीप चौधरी ने कहा है कि भभुआ से कांग्रेस के उम्मीदवार जीरो पर आउट होंगे। इतना ही नहीं उन्होंने आगे बढ़कर कहा कि सूबे में पार्टी भगवान भरोसे ही चल रही है।

उन्होंने अपनी ही पार्टी के नेताओं के निर्णय को कटघरे में खड़ा करते हुए कहा कि भभुआ विधानसभा सीट से ऐसे प्रत्याशी को टिकट दिया गया है जो जीत ही नहीं सकते। उन्होंने अध्यक्ष कौकब कादरी पर भी आरोप लगाया की प्रत्याशी के नाम की घोषणा करने के पहले पार्टी नेताओं से कोई विचार- विमर्श नहीं किया गया। वहीं बिहार कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष अशोक चौधरी ने भी कहा है कि सिर्फ उम्मीदवार उतारने से नहीं होगा। बिहार कांग्रेस के नेताओं को उम्मीदवार को जिताने की जवाबदेही लेनी होगी। उम्मीदवार जीतेंगे तभी कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ेगा। सिर्फ गठबंधन के नाम पर टिकट लेने से नेताओं की जिम्मेदारी खत्म नहीं हो जाती है।

हालांकि इन नेताओं के आरोपों को बिहार कांग्रेस के कार्यकारी अघ्यक्ष कौकब कादरी ने सिरे से खारिज कर दिया। वे कहते हैं कि कुछ लोग इसीलिए विरोध कर रहे हैं कि पहली बार किसी जमीनी कार्यकर्ता को टिकट दिया गया है। उन्होंने कहा कि भभुआ विधानसभा सीट कांग्रेस ही जीतेगी। वहीं बिहार कांग्रेस विधानमंडल दल के नेता सदानंद सिंह ने कहा कि भभुआ विधान सभा क्षेत्र के उपचुनाव में कांग्रेस भारी मतों के अंतर से जीतेगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि कांग्रेस ने शम्भू सिंह पटेल को सर्वसम्मति से अपना उम्मीदवार बनाया है, इसमें कांग्रेस की पूर्व लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार की भी सहमति है। उन्होंने आगे कहा कि न सिर्फ भभुआ बल्कि बिहार में 11 मार्च को हो रहे उपचुनाव के तीनों सीटों पर महागठबंधन के उम्मीदवारों की जीत सुनिश्चित है।

You May Also Like

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *