रघुवर दास झूठे प्रचार में माहिर हैं : हेमंत

-मेरी चुनौती है कि सरकार श्वेत पत्र जारी करे
-राजनीति गुरु से नेता प्रतिपक्ष हेमंत सोरेन की दो टूक

शराब बंदी, स्थानीय नीति समेत कई मुद्दों पर झारखण्ड में मचे सियासी गदर के बीच नेता प्रतिपक्ष हेमंत सोरेन ने पहली बार राजनीति गुरु डॉट कॉम को अपना इंटरव्यू दिया। रांची आवास पर उनसे बात की हमारे सहयोगी नीतेश ने। आप भी पढिये, इंटरव्यू के खास अंश….

सवाल: झारखंड में सरकार कैसा काम कर रही है!
उत्तर:
सरकार चल कहां रही हैए हिडन एजेंडे के साथ सरकार काम कर रही है। परिस्थिति अनुकूल नहीं है। सीएनटी- एसपीटी भूमि आवंटन सहित शराब बेचने के मामलें मे सरकार लगातार गलती कर रही है। सरकार के फैसले का असर जनता पर हो रहा है, सरकार को देखना चाहिए। जगह- जगह पर जनता का विरोध हो रहा है। सरकार के सभी कुनबे को विरोध का सामना करना पड रहा है। अधिकांश मंत्री, विधायक इनके विरोध में खडे हैं।

सवाल : सीएनटी- एसपीटी के संशोधन पर सरकार का कहना है कि आपके समय में इसकी रूप रेखा तय हुई थी।
उत्तर :
रघुवर दास झूठे प्रचार में माहिर हैं। झूठ बोलकर सत्ता में आए हैं। उनका जीवन झूठ बोलकर चल रहा है। अगर हमने सब कर दिया था तो हमने अधिसूचना क्यों नहीं निकाली। इसका जवाब सरकार के पास है क्या ! अगर हमने कुछ किया है तो मेरी चुनौती है कि सरकार श्वेत पत्र जारी करे।

सवाल : झारखंड में आपकी भी सरकार थी। आप ने शराब बंदी क्यों नहीं की।
उत्तर :
मेरे पास समय कम था। सीएनटी- एसपीटी, स्थानीय नीति को लेकर उलझा रहा। थोड़ा समय और मिलता तो इन सभी के साथ शराब बंदी का फैसला भी ले लेता।

सवाल : आपको आने वाले समय में मौका मिला तो शराब को लेकर ठोस निर्णय लेंगे ।
उत्तर :
मुझे मौका मिलेगा तो मैं शराब को पूर्ण रूप से झारखण्ड में बंद कर दूंगा। शराब केंसर के रूप में व्याप्त है, इस को हर हाल में समाप्त होना चाहिए। इसका बुरा असर समाज पर पड़ता है।

सवाल : आपको नहीं लगता है कि रघुवर दास ने स्थानीय नीति तय कर राज्य की जनता के लिए एक बेहतर निर्णय लिया है।
उत्तर :
रघुवर दास के इस फैसले ने लोगों की पहचान मिटा कर रख दी है। मौका मिला तो इनके बुरे कर्मो का खात्मा होगा। सत्ता मिलते ही जनता के आक्रोश को शान्त करना मेरी प्राथमिकता होगी और मैं नये सिरे से सारी बातों को देखूंगा।

सवाल : आपको नहीं लगता है कि आपके पास मुद्दे खत्म हो गए हैं। सिर्फ सीएनटी- एसपीटी के सहारे आपकी राजनीति चल रही है।
उत्तर :
सीएनटी और एसपीटी के अलावे कोई मु़द्दा मुझे नहीं चाहिए। जमीन रहेगा तभी मूलवासी आदिवासी रहेगा। जमीन नहीं तो कुछ नहीं रहेगा। सरकार को आदिवासियों की इतनी ही चिंता है तो बंगाल में काम कर रहें आदिवासियों को क्यों नहीं बुला रही है। सरकार उसे वापस बुलाकर यहां रोजगार मुहैया कराने का काम करे।

सवाल : मोमेंटम झारखंड को आप किस रूप में देखते हैं ।
उत्तर :
मोमेटम एक खेल है सरकार का। यह इवेंट मैनेजमेंट की सरकार है। लाखों अरबों लूट कर जिसने लोगों को बेघर किया, उन्हीं के साथ एमओयू सरकार कर रही है। टाटा बिडला सेल एचईसी जैसी संस्थायें ही सरकार की प्राथमिकता में है। उनका पेट खुद इतना मोटा है कि वे जनता को कुछ देने की स्थिति में नहीं है।

सवाल : लिट्टीपाडा विधानसभा उपचुनाव में आपके दल की भूमिका क्या होगी !
उत्तर :
वो सीट हमारी है, हम चुनाव लड़ेंगे । कौन कह रहा है बसंत सोरेन चुनाव लड़ेंगे । हवा में हो रही बातों से हमे कोई मतलब नहीं है। वक्त आने पर फैसला होगा कि चुनाव कौन लडेगा।

सवाल : लिट्टीपाडा में चुनाव आप कांग्रेस, जेवीएम एवं अन्य विपक्षियों के साथ मिलकर लड़ेंगे।
उत्तर :
लिटटीपाडा में हमें किसी विपक्षी पार्टी की जरूरत नहीं है, मैं अकेले ही वहां काफी हूं।

सवाल : रघुवर दास के के फैसले से अर्जुन मुंडा जी नाराज हैं।
उत्तर :
आप सिर्फ अर्जुन मुंडा की ही बातें क्यों कर रहे हैं। सरयू राय, कडिया मुंडा, फुलचन्द्र मंडल की बात क्यों नहीं कर रहे हैं। सरकार के काम काज से नाराज लोगों की लिस्ट गिनते- गिनते आप थक जाएंगे।

सवाल : संथाल में लगातार बीजेपी मजबूत हो रही है, आपको नहीं लगता है।
उत्तर :
सरकार किसी की भी होती है, निष्पक्षता से काम करती है। लेकिन ये सरकार निष्पक्ष नहीं है, भाजपामय हो गया है पूरा तंत्र। सरकारी पैसा से ही ये अपना प्रचार कराने में जुटी है। जो अनैतिक है। लिटटीपाडा सीट खाली हुई है तो सरकार वहां योजनाएं देने में लगी है।

You May Also Like

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *