चारा घोटाला : चढ़ने लगा बिहार का सियासी पारा

चारा घोटाला मामले में सुप्रीम कोर्ट के अहम फैसले से एक ओर जहां लालू यादव की मुश्किलें बढ़ गयी हैं वहीं बिहार में इसको लेकर राजनीति तेज हो गयी है. विभिन्न राजनीतिक दलों ने जहां सुप्रीम कोर्ट के फैसले को सही ठहराया है वहीं विपक्षी पार्टी भाजपा ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को समर्थन का चारा फेंका है. सोमवार को बिहार बीजेपी के दिग्गज नेता सुशील मोदी ने कहा कि अगर मुख्यमंत्री नीतीश अपनी सरकार में सहयोगी लालू यादव का साथ छोड़ दें तो बीजेपी उन्हें समर्थन देने पर विचार कर सकती है.

लालू प्रसाद के खिलाफ बीजेपी कई दिनों से आक्रामक रुख अपना रही है. सुशील मोदी ने लालू के खिलाफ बेनामी संपत्ति को लेकर कई खुलासे और आरोप लगाए हैं. अभी हाल ही में एक टीवी न्यूज चैनल ने जेल में बंद शहाबुद्दीन से लालू की बातचीत का फोन जारी किया था. जिसमें शहाबुद्दीन लालू से सीवान एसपी को हटाने की बात कर रहे हैं.
बीजेपी करीब 17 साल तक नीतीश की पार्टी जनता दल युनाइटेड (जेडीयू) के साथ गठबंधन में थी, पर 2014 लोकसभा चुनाव से पहले जेडीयू ने गठबंधन तोड़ दिया.
बिहार में जेडीयू, आरजेडी और कांग्रेस पार्टी के महागठबंधन ने विधानसभा चुनाव में बड़ी जीत हासिल की थी. चुनाव से पहले नीतीश और लालू एक दूसरे के धुर विरोधी माने जाते थे. हालांकि, चुनाव में लालू की आरजेडी को सुशासन बाबू के नाम से मशहूर नीतीश कुमार की जेडीयू से ज्यादा सीटें मिलने का बाद भले ही नीतीश को सूबे की बागडोर सौंप दी गई हो लेकिन दिनोंदिन पलड़ा लालू का भारी होता जा रहा था. इसके बाद से ही बिहार में दोनों पार्टियों के गठबंधन के भविष्य को लेकर अटकलें लगने लगी थी. लेकिन अब लालू पर कानून का शिकंजा कसने के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि अब सूबे की कमान पूरी तरह से नीतीश के हाथ होगी और लालू की धमक नीतीश के मुकाबले फीकी ही रहेगी.

चारा घोटाला मामले में सुप्रीम कोर्ट के अहम फैसले से एक ओर जहां लालू यादव की मुश्किलें बढ़ गयी हैं विपक्षी पार्टी भाजपा ने लालू यादव पर करारा हमला किया है. भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि अब साबित हो गया है कि लालू अपराध की राजनीति करने के माहिर खिलाड़ी हैं. अब इतना तय है कि इनका महागठबंधन अब ज्यादा दिन चलने वाला नहीं है.

वहीं, भाजपा नेता नंदकिशोर यादव ने कहा है कि जैसी करनी, वैसी भरनी. उन्होंने कहा कि जो जैसा करेगा उसे वैसा अंजाम भुगतना ही होगा. भाजपा नेता ने कहा कि अपराधी कितना भी बड़ा क्यों ना हो? कानून से बड़ा कोई नहीं हो सकता. सुप्रीम कोर्ट का फैसला स्वागत योग्य है.

You May Also Like

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *